Friday, December 9, 2022
HomeCHEMISTRY CLASS 11कक्षको की आकृति

कक्षको की आकृति

कोश या कक्षा –

 

नाभिक के चारो ओर अनेक वृत्ताकार कक्षाएं होती हैं जिनमें इलेक्ट्रॉन चक्कर लगाते हैं इनको कोश या कक्षाओं के नाम से जाना जाता है

  1. कोश, इलेक्ट्रॉन की वृत्ताकर गति को प्रदर्शित करता है |
  2. कक्षा की खोज बोर द्वारा की गई |
  3. किसी इलेक्ट्रॉन को उसको मुख्य क्वांटम संख्या n द्वारा प्रदर्शित किया जाता है |
  4. K, L, M & N आदि कोश के लिए मान क्रमशः1,2,3 & 4 होगा
  5. किसी कोश में अधिकतम उपकोश की संख्या = n
  6. किसी कोश में अधिकतम कक्षको की संख्या = n2
  7. किसी कोश में अधिकतम इलेक्ट्रॉनों की संख्या = 2n2
कक्षा n के मान उपकोश की संख्या कक्षको की संख्या इलेक्ट्रॉनों की संख्या
K 1 1 1 2
L 2 2 4 8
M 3 3 9 18
N 4 4 16 32

 

Advertisement

उपकोश

Sommerfeld  के अनुसार इलेक्ट्रॉन वृत्ताकार के साथ दीर्घ वृत्ताकार कक्षा में चक्कर लगाते हैं इनको उपकोशो के नाम से भी जाना जाता है |

  1. उपकोश इलेक्ट्रॉन की वृत्ताकार एवं दीर्घ वृत्ताकार गति को प्रदर्शित करते हैं
  2. उपकोश की खोज समरफील्ड द्वारा की गई एवं निर्धारण दिगंसीय क्वांटम संख्या द्वारा किया गया |
  3. S, p d & f उपकोशो के लिए l का मान क्रमशः 0,1,2 & 3 होता है |
  4. किसी उपकोश में कक्षको की संख्या 2 l + 1  होता है |
  5. किसी उपकोश में अधिकतम इलेक्ट्रान की संख्या  [2 l  + 1] होता है |
उपकोश l के मान कक्षको की संख्या

2 l + 1

इलेक्ट्रॉन की संख्या
Advertisement

4 l +2

S 0 1 2
P 1 3 6
D 2 5 10
f 3 7 14

 

कक्षक [ orbitals ]

परमाणु के नाभिक के चारों ओर का वह क्षेत्र जिसमे  इलेक्ट्रॉन पाए जाने की संभावना [90-95 %]  अधिकतम होती है, परमाणु कक्षक कहलाता है |

  1. परमाणु कक्षा इलेक्ट्रॉन की त्रिविमीय गति को प्रदर्शित करता है
  2. परमाणु कक्षक की खोज ………………………….द्वारा की गई |
  3. किसी परमाणु कक्षक का निर्धारण चुंबकीय क्वांटम संख्या द्वारा दर्शाया गया है
  4. Pauli के नियम अनुसार किसी भी एक परमाणु कक्षक में अधिकतम विपरीत चक्र वाले दो इलेक्ट्रॉन भर सकते हैं|
  5. किसी कक्षा में इलेक्ट्रॉन का कोणीय संवेग [l(l + 1)]1/2 h/2π होता है |
  6. कक्षको का आकार मुख्य क्वांटम संख्या पर निर्भर करता है मान बढाने पर बढ़ेगा |
  7. कक्षको की आकृति दिग्न्सीय क्वांटम संख्या (l) पर निर्भर करता है |

 

Advertisement

S, p, & d कक्षको की आकृति

  1. s- कक्षक की आकृतिs- कक्षक s उपकोश में होता है इसके लिए l और m दोनों के मान शून्य होते हैं | m का शून्य मान इस कक्षक का एक ही विन्यास दर्शाता है | अतः इसकी आकृति गोलाकार होती है जिसमे सभी अक्षो पर समान इलेक्ट्रॉन घनत्व पाया जाता है |
  2. s - orbital
    s – orbital

प्रत्येक कोश के s-कक्षक यद्यपि समान आकृति रखते हैं। परन्तु उनके आकार में भिन्नता पायी जाती है। भिन्न-भिन्न कोशों के s- कक्षकों के मध्य रिक्त स्थान को जहाँ इलेक्ट्रॉन घनत्व पाये जाने की प्रायिकता शून्य है, नोडल तल (nodal surface) या नोड (node) कहते हैं।
  1. P-कक्षक आकृति p-कक्षक p-उपकोश में होते हैं। p- उपकोश के लिए l का मान एक होता है। l = 1 के लिए m के तीन मान [-1,0 तथा +1] होते हैं। ये क्रमशः तीन कक्षक px. Py. तथा pz के लिए हैं। p-कक्षक अक्षों पर इलेक्ट्रॉन घनत्व रखते हैं। तथा इनकी आकृति डमरू  की भाँति होती है। तीनों p-कक्षक एक-दूसरे के लम्बवत् होते हैं। प्रत्येक p-कक्षक की दो पालियों (lobes) के मध्य जहाँ इलेक्ट्रॉन घनत्व पाये जाने की प्रायिकता शून्य है, नोडल तल पाया जाता है।p-block
  2. d-कक्षक आकृति d-कक्षक, d-उपकोश में पाये जाते हैं d-उपकोश के लिए l का मान 2 होता है। अतः इसमें कुल कक्षक m के कुल मान 2 l + 1 के बराबर अर्थात् 5 होंगे। ये पाँच कक्षक [dxy dyz  dxz, dx2-y2 & dz2 ] संकेतों द्वारा दर्शाये जाते हैं। प्रथम तीन कक्षक अक्षों के मध्य व अन्तिम दो अक्षों पर अभिविन्यासित होते हैं।

    p-orbitals
    p-orbitals
    https://akashlectureonline.com/रदरफोर्ड-का-परमाणु-मॉडल/ ‎
    दोस्तों स्वागत है आपका अपने पेज www.akashlectureonline.com पर दोस्तों , आज हम देखेंगे कक्षा 11  का अध्याय 2 | इस पेज पर आपको पढाई से संबंधित ब्लॉग मिलेगे , हम आशा करते है, कि आपको यह पोस्ट बेहद पसंद आई होगी | अगर आप चाहे तो इसके वीडियो लेक्चर भी आप देख सकते है
     जिसमे आपको अच्छी तरह से समझाया जायेगा | आप हमारे YOUTUBE चैनल akash lecture online पर जाकर वीडियो को देख सकते है | इस चैनल पर आपको इस पोस्ट से संबंधित सभी वीडियो मिल जायेंगे | हमारा उद्देश है आप सभी को अच्छी शिक्षा देना है | वीडियो देखने के बाद भी अगर आपके मन में कोई doubt है तो आप कमेंट में अपना डाउट लिखकर हमारे साथ शेयर कर सकते है , हम आपकी समस्या का जरुर हल निकालेंगे |

adminhttp://akashlectureonline.com
Hi! I am akash sahu and this is my own website akash lecture online. this site provides information about knowledge. this site makes for hindi and English medium student.
RELATED ARTICLES

Most Popular

Recent Comments

error: Content is protected !!
Secured By miniOrange